अब मैं उन्हें खुश भी न देखूं तो प्यार कैसा।
अब शिकायत नहीं तुझसे, तू जैसा था, वैसा ही रहा, बस मेरी उम्मीदें बदल गईं।
तेरी खामोशी भी टूट जाती है मेरी खामोशी में।
कभी लगा था तुमसे दूर हो कर जी नहीं सकते,
शब्दों में जो बात नहीं, वो एहसास क्या है।
बेवफा नहीं थे हम, पर उसने हमें बेवफा बना दिया, वो भूल गया, हम अब भी उसी के हैं।
लेकिन तुम्हारे बिना Sad Shayari जीने का ग़म अब हर पल महसूस होता है…!!!
पर वो तारा नहीं टूटता ,जिसे देखकर तुम्हें मांग लूँ
अब तुम्हारे बिना वो दुनिया सिफ़र हो गई।
ਕਿਸੇ ਨੂੰ ਲਗ ਨਾ ਜਾਂਵਾ, ਤਾਂਹੀ ਸਭ ਤੋਂ ਦੂਰ ਹੋ ਗਿਆ।
कुछ रिश्ते खामोशी से ज्यादा आवाज़ रखते हैं,
अब ये दुनिया भी तेरे बिना वीरान लगती है।
काश! तुम्हारे दिल में वो दर्द समझने वाली जगह होती,
तेरे जाने के बाद, ये दुनिया और भी स्याह सी लगने लगी,